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Character of body (Prakrity) (Assessment of pralamb bahu, prithupeen vaksha & mahalalat)
International journal of applied research · 2021 · Vol. 7(2) · pp. 148–150
Abstract
आयरवदीय दषटि स परकति जञान का अपना विशष सथान ह। परतयक वयकति का विशिषट शारीरिक सवरप तथा मानसिक सवभाव होता ह। इस उसकी परकति कहत ह। परकति शबद का तातपरय ससकत भाषा क अनसार - परकरोति इति परकतिः। अरथात जो अनय ततवो को पदा करती ह, किनत वह सवतः किसी एक स निरमित नही होती ह। परकति शबद दो शबद स मिलकर बना ह - पर + कति पर का तातपरय परकषट ह। कति का तातपरय सषटि स ह। यह आयरवद म वरणित मल परकति ह। परकति एक वयापक अरथकारी शबद ह। परलमबबाह, परिथपिनवकष तथा महाललाट का उललख परकति परीकषण क अनतरगत किया गया ह।
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